दुनिया बदल रही है , बदल जाइये जरा ..

लोक परम्परा को जीवंत रखने के लिए होगा विश्वनाथगंज महोत्सव : अजय सिंह रिंटू

रवि प्रकाश सिंह ” चन्दन”

प्रतापगढ़ । शनिवार को प्राथमिक स्वास्थ्य केन्द्र विश्वनाथगंज परिसर में आयोजित कवि सम्मेलन में देर रात तक चले कवि सम्मेलन में साहित्यकारों की रचनाओं पर वाह वाह हुई ।

इसके पूर्व कैबिनेट मंत्री राजेंद्र प्रताप सिंह के प्रतिनिधि के रूप में भाजपा नेता अजय प्रताप सिंह रिंटू ने माँ सरस्वती के चित्र पर दीप प्रज्ज्वलित कर शुभारम्भ किया । श्री सिंह ने कहा साहित्यकार निःस्वार्थ भाव से आपसी सद्भाव एवं सामजिक सौहार्द की बात करता है । साहित्यकार एवं लोक परम्परा को जीवंत रखने के लिए उन्होंने आगामी वर्ष में विश्वनाथगंज महोत्सव कराने की बात कही । कार्यक्रम की शुरुआत कवयित्री मीरा तिवारी की वाणी वन्दना से हुई । कुमार विकास ने पढ़ा सौहार्द का आवरण हम गढ़ें, सिर्फ इंसानियत पर आगे बढ़ें । साक्षी तिवारी ने पढ़ा नन्हीं सी कलम हूँ मैं , पर काम बड़ा कर दूं । आशीष मिले सबका तो काम बड़ा कर दूं । राज नारायण शुक्ल राजन ने समाज को आईना दिखाते हुए दुनिया बदल रही है बदल जाइये जरा , गुलशन न उजड़ जाये सम्हल जाइये जरा पढ़कर लोगों समां बांधा । गजेंद्र सिंह विकट,रंजना सिंह हया,सपना मिश्रा,प्रज्ञा तिवारी, रवींद्र अजनवी , नियाज प्रतापगढ़ी की रचनाएं सराही गयी । इसके बाद देर रात तक चले कार्यक्रम में एक के बाद एक हास्य ,श्रृंगार , बीर रस की अनेक रचनाओं पर श्रोताओं ने वाह – वाह की ।
अध्यक्षता अमेठी से आये कवि सुधीर रंजन द्विवेदी एवं संचालन अनूप अनुपम ने किया । कार्यक्रम के संयोजक शिव शंकर सिंह ने आगन्तुकों के प्रति आभार व्यक्त किया । इस दौरान प्रधान प्रमोद मिश्र सरदार , डॉ.रमेश अग्रहरि,नवीन सिंह, माध्यमिक शिक्षक संघ के अध्यक्ष त्रिलोचन सिंह,आलोक सिंह ,अजय क्रांतिकारी ,क्षेत्र पंचायत सदस्य राजेश सिंह,चिंटू सिंह,रोहित सिंह ,अनिल सोनी ,मोनू सिंह सहित तमाम लोग मौजूद रहे ।